लोजपा सांसद चंदन कुमार से अपनी और भाकपा नेता कन्हैया कुमार से अपनेे सहयोगी मंत्री अशोक चौधरी की मुलाकात को लेकर सीएम नीतीश ने स्पष्ट किया है कि इन मुलाकातों के दौरान कोई राजनीतिक बातचीत नहीं हुई। पटना स्थित जद यू मुख्यालय पर इस बारे में पत्रकारों के सवालों के जवाब में सीएम ने कहा कि ‘आप तो जानते हैं कि मेरे पास मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी है।
ऐसे में किसी भी दल के चाहे वह विधायक, पार्षद या सांसद हों, मिल सकते हैं। जो भी मिलने आते हैं उन्हें हम समय देते हैं। वह आए थे अपने क्षेत्र की बात को लेकर इसके अलावा कोई बात नहीं। कन्हैया तो हम से भी पहले मिले हैं और उसके अलावा उनकी पार्टी के विधायक हैं वह भी हम से मिले हैं। जो भी हैं हम से मिल सकते हैं लेकिन कोई विशेष बात नहीं। इसमें कोई राजनीतिक बात नहीं हुई है।
गौरतलब है कि हाल में भाकपा नेता कन्हैया कुमार ने नीतीश सरकार के मंत्री अशोक चौधरी से मुलाकात की थी। इसी दिन लोजपा सांसद चंदन कुमार सिंह ने भी सीएम नीतीश से मुलाकात की थी। इन दोनों मुलाकातों को लेकर बिहार में सियासी अटकलों का बाजार गर्म था। बुधवार को सीएम नीतीश ने सभी अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि इन मुलाकातों के दौरान कोई राजनीतिक बात नहीं हुई है। आरक्षण पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में नीतीश ने कहा कि, ‘आरक्षण का लाभ जिनको मिल चुका है उन्हें नहीं मिलना चाहिए ऐसी कोई बात नहीं है।
आरक्षण का नियम प्रदेश और केंद्र स्तर पर पहले से लागू है। अनुसूचित जाति-जनजाति और पिछड़े वर्ग को ही नहीं बल्कि आर्थिक आधार पर भी लोगों के लिए आरक्षण का प्रावधान कर दिया गया है। मेरे हिसाब से ऐसा कुछ नहीं है जिसका विरोध किया जाए। उन्होंने केंद्र सरकार में भी बिहार की तर्ज पर पिछड़ों, अतिपिछड़ों को आरक्षण की मांग उठाई और दोहराया कि देश में जातिगत जनगणना हो जानी चाहिए।’
Input: Live Hindustan









