चक्रवाती तूफान उम्पन (साइक्लोन अम्फान) ने सोमवार शाम को विकराल रूप ले लिया है। बंगाल की खाड़ी में जोर पकड़ रहे इस सुपर साइक्लोन से ओडिशा और बंगाल के तटीय क्षेत्रों के लिए बड़े खतरे की आशंका बनी हुई है। मछुआरों से 21 मई तक समुद्र में नहीं जाने को कहा गया है। हालांकि बिहार के मौसम पर अम्फान चक्रवात का बहुत ज्यादा असर नहीं होगा।

मौसम विभाग ने पूर्वानुमानों में इसके सुपर साइक्लोन में बदलने की चेतावनी दी गई है। इस बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने स्थिति की समीक्षा के लिए सोमवार शाम गृह मंत्रालय और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के साथ बैठक की। एनडीआरएफ के महानिदेशक एसएन प्रधान ने कहा कि ओडिशा के सात और प.बंगाल के छह जिलों में कुल 37 टीमें तैनात की गई हैं।

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने कहा,चक्रवात बंगाल की खाड़ी के ऊपर और शक्तिशाली होकर तट की तरफ बढ़ रहा है। यह 20 मई को दीघा और हटिया के बीच प.बंगाल और बांग्लादेश के तटों से टकराएगा। ओडिशा सरकार ने संवेदनशील क्षेत्रों से 11 लाख लोगों को निकालना शुरू कर दिया है।







