उत्तर बिहार में अगले तीन दिन तक मानसून का गहरा असर रहेगा। नेपाल के जलग्रहण क्षेत्र से लेकर उत्तर बिहार के तराई क्षेत्र तक अच्छी बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान को देखते हुए उत्तर बिहार के जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। सभी जिलों में एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीम को तैयार रहने के लिए कहा गया है। राहत व बचाव कार्य के लिए अधिकारियों की छुट्टियां तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई हैं।
24 घंटे में हुई भारी बारिश ने 31 वर्षो का रिकॉर्ड तोड़ा
वहीं उत्तर बिहार में पिछले 24 घंटे में हुई भारी बारिश ने 31 वर्षो का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। सोमवार को पूरे उत्तर बिहार में 206 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जबकि तीन जुलाई 1989 को 202 मिमी बारिश दर्ज हुई थी। मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, सीतामढ़ी, पूर्वी चंपारण, पश्चिम चंपारण, गोपालगंज, शिवहर व वैशाली में समान रूप से बारिश हुई है।
सभी जगह के जलस्तर में सुधार
मौसम विभाग के अनुसार, वर्षों बाद समान रूप से इतने बड़े क्षेत्र में बारिश हुई है। इस भारी बारिश के दो असर देखने को मिल रहे हैं। एक तो सभी जगह के जलस्तर में सुधार आया है, दूसरा जलजमाव से शहरी क्षेत्र में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। जिन जिलों में बारिश हुई है, वहां शहरी क्षेत्र में जलजमाव से परेशानी एकदम से बढ़ गई है। कई गली-मोहल्ले पूरी तरह पानी से घिर गए हैं। वहीं, ग्रामीण क्षेत्र में 60 फीसदी तक फसल पानी में डूब गई है।
Input : Live Hindustan