पिछली सरकार में महत्वपूर्ण विभाग संभाल रहे कई मंत्रियों को विधानसभा की समितियों का सभापति बनाया गया है। इनमें नंदकिशोर यादव, प्रेम कुमार, विनोद नारायण झा, नरेन्द्र नारायण यादव, कृष्ण कुमार ऋषि, रामनारायण मंडल सरीखे नेताओं के नाम शामिल हैं। विधानसभा अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा ने सोमवार को विधानसभा की 22 समितियां गठित कर दी है।
इसका आदेश जारी होने के बाद यह कयास लगाये जा रहे हैं कि समितियों के सभापति जिन्हें बनाया गया है, उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल करने के आसार अब कम ही हैं। 22 समितियों में से सात राजद, छह भाजपा, पांच जदयू, दो कांग्रेस तथा एक-एक माले और हम के नेताओं को सभापति बनाया गया है। जारी आदेश में कहा गया है कि लोक लेखा समिति, प्राक्कलन समिति और सरकारी उपक्रमों से संबंधित समिति का गठन 31 मार्च 2022 तक के लिए प्रभावी होंगी। शेष समितियां 31 मार्च 2021 के लिए प्रभावी होंगी।
इन्हें बनाया गया है सभापति
लोक लेखा : सुरेंद्र प्रसाद यादव
प्रक्कलन : नंदकिशोर यादव
सरकारी उपक्रमों संबंधी : हरिनारायण सिंह
याचिका : प्रेम कुमार
एससी-एसटी कल्याण : जीतन राम मांझी
आचार : रामनारायण मंडल
जिला परिषद व पंचायती राज : नरेंद्र नारायण यादव
राजकीय आश्वासन : दामोदर रावत
बिहार विरासत विकास : भाई वीरेंद्र
प्रत्यायुक्त विधान : अजीत शर्मा,
निवेदन : विनोद नारायण झा
पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण : रामप्रवेश राय
महिला एवं बाल विकास : अरुणा देवी
कृषि उद्योग विकास : कृष्ण कुमार ऋषि
प्रश्न एवं ध्यानाकर्षण :अमरेंद्र कुमार पांडेय,
गैर सरकारी विधेयक एवं संकल्प : तेज प्रताप यादव
पुस्तकालय : सुदामा प्रसाद,
पर्यटन उद्योग संबंधी : अनीता देवी,
आंतरिक संसाधन एवं केंद्रीय सहायता : शमीम अहमद,
शून्यकाल : चंद्रहास चौपाल,
अल्पसंख्यक कल्याण : आफाक आलम
आवास :शशिभूषण हजारी।
Input: Live Hindustan




