राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने भी सोमवार को ट्वीट कर बिहार में कानून व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए। उन्होंने राजद शासन और मौजूदा सरकार के कार्यकाल में हुई आपराधिक घटनाओं का आंकड़ा देते हुए कहा है कि राजद की तुलना में नीतीश सरकार के 15 साल में दर्ज हुए अपराध के आंकड़े दोगुने से अधिक हो चुके हैं। लालू प्रसाद ने तंज कसते हुए लिखा है कि ठोको ताली, बजाओ गाल। आगे कहा कि अपराध दोगुना फिर भी सुशासन राज।
ठोंको ताली, बजाओ गाल
बिहार में राजद सरकार के आखिरी साल 2004 में अपराध के कुल 1,15,216 मामले दर्ज हुए थे, जबकि नीतीश सरकार में 15 साल बाद, साल 2019 में कुल अपराध के आंकड़े बढ़कर 2,69,096 हो गए, यानी दोगुने से भी ज्यादा।
अपराध दुगुना फिर भी “सुशासन” राज?https://t.co/gxSy9d5ql1
— Lalu Prasad Yadav (@laluprasadrjd) January 18, 2021
एक माह में लॉ एंड ऑर्डर न सुधरा तो राष्ट्रपति के सामने परेड : तेजस्वी
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने राज्य की कानून व्यवस्था को लेकर सोमवार को राज्यपाल फागू चौहान से मुलाकात की। उन्हें ज्ञापन सौंपते हुए राज्य सरकार को बर्खास्त करने की अनुशंसा राष्ट्रपति से करने की मांग की। राज्यपाल से मुलाकात के बाद तेजस्वी ने आरोप लगाया कि सड़क छोड़िए अब तो लोगों को घर में भी डर लगने लगा है। कहा कि सरकार के पास लॉ एंड ऑर्डर ठीक करने के लिए एक महीना का समय है। वरना महागठबंधन के सारे विधायक राष्ट्रपति के सामने परेड करेंगे। आरोप लगाया कि पांच-छह दिन बीत जाने पर भी रूपेश हत्याकांड में पुलिस के हाथ खाली हैं। सवाल किया कि मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड की तरह पुलिस दोषियों को बचाने का काम तो नहीं कर रही। कहा कि अपराध से पूरे बिहार के लोग सहमे हुए हैं।
बिहार में कानून व्यवस्था की स्थिति बेहतर : JDU
जदयू के प्रदेश महासचिव डॉ. निहोरा प्रसाद यादव ने कहा है कि बिहार में आज भी विधि व्यवस्था ठीक है। प्रतिपक्ष के नेता भले ही कानून व्यवस्था खराब होने का ढोल पीटें पर बिहार में बेहतर कानून व्यवस्था है। इनके पिता और माता के राज जैसा नहीं था। राजद शासन लूट ,हत्या, अपहरण के मामले में देश में अव्वल था। शायद प्रतिपक्ष के नेता ने राजद के शासन काल का वह काला दिन नहीं देखा होगा जब अधिकारी और पदाधिकारी को नक्सलियों के कोर्ट में हाजिर होने के लिए मजबूर होना पड़ता था।
Input: Live Hindustan






