अभिनेत्री कंगना रनौत (Kangana Ranaut) और शिव सेना सरकार (shiv sena Governmrnt) के बीच जुबानी जंग इतनी तेज हो गई कि मर्यादा की सारी सीमाएं लांघती नजर आने लगी. बुधवार को कंगना के मुंबई पहुंचने से पहले जहां बीएमसी (BMC) ने अवैध निर्माण का आरोप लगाते हुए कंगना की ऑफिस बिल्डिंग को गिराना शुरू कर दिया. हालांकि मुंबई हाई कोर्ट (mumbai high court) के आदेश के बाद इसे तत्काल रोक दिया गया पर डिमोलिशन के इस एक्शन पर उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) की सरकार की काफी किरकिरी हो रही है. सबसे तीखी प्रतिक्रिया एनसीपी चीफ शरद पवार (NCP Chief Sharad Pawar) की आई. उन्होंने कहा कि यह बहुत ही गैरजरूरी ऐक्शन है, जिसने लोगों को सरकार पर सवाल उठाने का मौका दे दिया है.

इस बीच कंगना रनौत द्वारा अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत (Sushant singh Rajput) और उनके परिवार का समर्थन करने की वजह से बिहार के लोगों का सेंटिमेंट भी कंगना के साथ दिख रहा है. इसमें न सिर्फ आम लोग बल्कि राजनेता भी शामिल हैं जो कंगना के खिलाफ इस कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं. इसी क्रम में लोक जन शक्ति पार्टी के अध्यक्ष चिराग पासवान (Chirag Paswan) ने कंगना को देश की बेटी बताते हुए लोगों से उनका साथ देने की अपील की है.

चिराग पासवान ने ट्विटर पर अपनी भावना का इजहार करते हुए लिखा, सभी देश भक्त कंगना रनौत के साथ है. बिहारी लड़के की लड़ाई लड़ने के साथ बॉलीवुड की सच्चाई बताने पर कई लोग इनके ख़िलाफ़ हो गए हैं. मुंबई में रह रहे बिहारी व उत्तर भारतीय समेत सभी से अपील करता हूं कि कंगना देश की बेटी है और आज मुंबई पहुंची है, आप सभी इस समय इनका साथ दें.

इसके पहले चिराग ने एक और ट्वीट किया जिसमें उन्होंने आगे लिखा, महाराष्ट्र भी भारतीय संविधान के अंतर्गत आने वाला प्रदेश है. आज कंगना के साथ जो हुआ है वह कल पूरे देश के विभिन्न प्रान्तों से आये लोगों के साथ हो सकता है. मुम्बई को सबने मिलकर बनाया है वह किसी अकेले की विरासत नहीं है.

मुम्बई में कंगना रनौत का कार्यालय तोड़ने पर बीजेपी प्रवक्ता प्रेम रंजन पटेल ने शिवसेना को बाबर सेना बताया है. बीजेपी प्रवक्ता ने कहा कि कंगना रनौत सुशांत मामले में सच बोल रही है इससे लोग डरे हुए हैं. कंगना को इसी की सजा दी जा रही है. कंगना अयोध्या राम मंदिर पर फ़िल्म बनाने वाली थी और बाबरी सेना ने उनका कार्यालय तोड़ दिया.

वहीं कांग्रेस नेता तारिक अनवर ने कहा कि दोनों ओर (बीजेपी-शिवसेना) से जिस दिशा में चीजें जा रही हैं मुझे लगता है बात ज्यादा ही आगे बढ़ गई है. सुशांत सिंह राजपूत की मौत हो या कंगना का मामला हो, इन सब मामले में राजनीतिक कलर देने की आवश्यकता नहीं थी. बीजेपी की भी अपनी दिलचस्पी है, तो शिवसेना अपनी राजनीतिक जमीन बचाने के लिए ऐसा कर रही है.

Input: News18

Muzaffarpur Now – Bihar’s foremost media network, owned by Muzaffarpur Now Brandcom (OPC) PVT LTD