बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष सह राजद नेता उदय नारायण चौधरी ने कहा है कि एनडीए के नेताओं को हो रहे कोरोना की वजह है राजद नेता तेजस्वी यादव से घबराहट. गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव के प्रति बिहार में लोगों का प्रेम और उनकी सभाओं में उमड़ रहे जन सैलाब को देख कर एनडीए के बड़े नेता घबरा गये हैं.

कहा कि तेजस्वी के सामने उनकी रैली फीकी रह जा रही है, अब ऐसे में वे लोग कोरोना संक्रमण का बहाना बना कर खुद को घर में कैद कर ले रहे हैं, ताकि फजीहत न उठानी पड़े. महागठबंधन की बढ़ती लोकप्रियता से एनडीए के नेता घबरा गये हैं. बिहार के युवाओं ने तेजस्वी को अपना नेता मान लिया है, जो 10 नवंबर के बाद साफ हो जायेगा.

बता दें कि जदयू से राजनीति में लंबी पारी खेलने वाले उदय नारायण चौधरी कभी नीतीश कुमार के करीबी माने जाते थे. हालांकि वक्त के साथ हालात बदले और अब वह महागठबंधन की तरफ से ताल ठोक रहे हैं. चौधरी जद (यू) से एक प्रमुख दलित नेता थे और 1990-95 तक इमामगंज विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया. इसके बाद फिर 2000–2015 तक इसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी से 2015 के चुनाव हार गए थे.

इस बार फिर से वह मांझी के खिलाफ गया की इमामगंज सीट से मैदान में उतरे. पहले चरण के मतदान में दोनों नेताओं की किस्मत आवीएम में कैद हो चुकी है. उदय नारायण चौधरी ने 2005-2015 से बिहार विधान सभा के अध्यक्ष के रूप में कार्य किया. इसके साथ ही वे पद संभालने वाले बिहार के पहले दलित शख्स बने थे.
Source : Prabhat Khabar



