राजधानी पटना के इंडिगो स्टेशन मैनेजर रूपेश सिंह की हत्या के तार अब मिथिलांचल से भी जुड़ने लगे हैं। यह दावा जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व सांसद पप्पू यादव ने किया है। उन्होंने पहले पटना में अपने पार्टी कार्यालय और बाद में मुजफ्फरपुर और दरभंगा की यात्रा के दौरान सूबे में बिगड़ रही कानून व्यवस्था और रूपेश सिंह की हत्या में शामिल बड़े लोगों के बारे में खुलकर अपनी बातों को रखा।
जाप सुप्रीमो के दावे को यदि माना जाए तो दरभंगा और मधुबनी के ही किस बड़े नेता के इशारे पर सरेशाम राजधानी पटना में शार्प शूटरों ने रूपेश सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी। उनका कहना है कि दरभंगा के एक नहर के निर्माण का ठेका जिस कंपनी ने लिया है उससे इंडिगो एयरलाइंस के स्टेशन मैनेजर रूपेश सिंह का जुड़ाव था। इस नहर को बनाने के लिए ठेका लेने से दरभंगा और मधुबनी के नेताओं के हित भी उस कंपनी से टकराते थे। जबकि उस ठेके को हासिल करवाने में उनकी बहुत ही महत्वपूर्ण भूूमिका रही थी। पूर्व सांसद ने ऐसी आशंका प्रकट की हैै कि इससे नाराज होकर इनकी हत्या करवा दी गई होगी।
चैट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि उनके अकाउंट में करोड़ो रुपये भेजेे गयेे थेेे। इस नेक्सेस से कई अधिकारियों और माफिया का जुड़ाव था। बड़े ठेकेदारों, नेताओं और अधिकारियों के कहने पर किसी शूटर ने रूपेश की जान ले ली। इसकी पूरी जांच हो और सभी पर से पर्दा हटे। हालांकि उनके इन दावों पर अभी तक पुलिस प्रशासन की ओर से कोई जवाब नहीं आया हैै ।
जाप सुप्रीमो यहीं पर नहीं रुके। उन्होंने सीएम नीतीश कुमार और उनकी पुलिस को लगातार अपने निशाने पर रखा। मुजफ्फरपुर के करजा थाना क्षेत्र के पकड़ी में भीम आर्मी के पूर्व जिलाध्यक्ष जॉन और कुढऩी थाने के खाद-बीज व्यवसायी प्रभाकर झा की हत्या मामले में भी प्रशासन को लपेटे में लिया। इनके स्वजनों से मुलाकात के बाद कहा कि इसके दोषियों को स्पीडी ट्रायल चलाकर सजा दी जानी चाहिए। पकड़ी में मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होंने कहा कि इन दिनों पूरेे बिहार में माफिया राज है। चारों तरफ से आए दिन हत्या, लूट, दुष्कर्म की सूचना आती है। सूबे का हाल यह हो गया है कि यहां नमक महंगा है जबकि किसी का खून करना सस्ता। बालू व शराब के माफिया मालामाल हो रहे हैं।
Input: Dainik Jagran






