ऑपरेशन सिंदूर में शहीद हुए बिहार के जवान मोहम्मद इम्तियाज के परिवार को अब सरकारी नौकरी मिलने का रास्ता साफ हो गया है। मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में उनके पुत्र को अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई।

बताया गया कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सेनाओं ने पाकिस्तान और पीओके में मौजूद कई आतंकी ठिकानों पर बड़ी कार्रवाई की थी। इस अभियान में भारत ने छह पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों को मार गिराया था। कार्रवाई के दौरान सीमा पर कई भारतीय जवानों ने सर्वोच्च बलिदान दिया, जिनमें सारण जिले के गरखा प्रखंड के नारायणपुर निवासी बीएसएफ सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज भी शामिल थे।

शहीद होने की सूचना के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार स्वयं उनके गांव पहुंचे थे और श्रद्धांजलि अर्पित की थी। उस समय राज्य सरकार की ओर से शहीद के परिजनों को 50 लाख रुपये की सम्मान राशि प्रदान की गई थी। साथ ही मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया था कि शहीद के पुत्र को उसकी योग्यता के अनुरूप सरकारी नौकरी दी जाएगी।

सरकार ने अब उस वादे को पूरा कर दिया है। कैबिनेट ने मंगलवार को शहीद मोहम्मद इम्तियाज के बेटे मोहम्मद इम्दाद रजा को अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने के निर्णय को अंतिम रूप दे दिया है।










