प्राचीन योग विज्ञान मानवता को भारत का अमूल्य उपहार है।हम सभी के जीवन में योग काफी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह शरीर तथा मस्तिष्क के संबंधों में सन्तुलन बनाने में हमारी काफी सहायता करता है। यह एक प्राकर का व्यायाम है, इसके नियमित अभ्यास के द्वारा हम शारीरिक और मानसिक रुप से स्वस्थ रह सकते हैं।

योग कला की उत्पत्ति प्रचीन भारत में हुई थी। पहले के समय में बौद्ध तथा हिन्दू धर्म से जुड़े लोग योग और ध्यान का प्रयोग करते थे। योग कई प्रकार के होते हैं जैसे- राज योग, जन योग, भक्ति योग, कर्म योग, हस्त योग। आमतौर पर हस्त योग के अन्तर्गत बहुत से आसनों का भारत में अभ्यास किया जाता है।

नियमित योग करने वाले व्यक्तियों के लिए योग एक बहुत ही अच्छा अभ्यास है। यह स्वस्थ जीवन शैली तथा बेहतर जीवन जीने में हमारी काफी सहायता करता है। योग वह क्रिया है, जिसके अन्तर्गत शरीर के विभिन्न भागों को एक साथ लाकर शरीर, मस्तिष्क और आत्मा को सन्तुलित करने का कार्य किया जाता है।
प्रदीप कुमार – पर्यावरण संरक्षक, पुसा, समस्तीपुर






