मुजफ्फरपुर के सकरा में नाबालिग से गैंगरेप मामले में पुलिस ने एक नामजद समेत पांच युवकों को उठाया है। इसमें दो इंजीनियरिंग के छात्र शामिल हैं। पुलिस मामले में अबतक छह युवकों को गिरफ्तार कर चुकी है। इसमें दो नामजद आरोपित भी है। सभी से सकरा थाने पर पुलिस सख्ती से पूछताछ कर रही है। गुरुवार को महिला थाने की पुलिस घटनास्थल से कई साक्ष्य जुटायी।
बताया गया कि बुधवार देर रात दूसरे नामजद आरोपित आदित्य झा की गिरफ्तारी उसके घर चंदनपट्टी से हुई है। वहीं, चार अन्य सुजावलपुर से पकड़े गए हैं। इनमें तीन सगे और चचेरे भाई शामिल हैं। इससे पहले घटना के दूसरे दिन मुख्य आरोपित इजहार को पीड़िता के परिजनों ने पकड़कर पुलिस को सौंपा था। पूछताछ पूरी होने और मेडिकल जांच के बाद सभी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। इससे पहले पीड़िता को थाने बुलाकर आरोपितों की पहचान करायी जाएगी। विदित हो कि मामले में पीड़िता ने दो नामजद व तीन अज्ञात को आरोपित किया था। अबतक आरोपितों ने जिस बोलेरो से छात्रा को अगवा किया और बाइक से धक्का मारकर गिराया उसे पुलिस बरामद नहीं कर सकी है। ना हीं छात्रा की साइकिल के संबंध में महिला या सकरा थाने को जानकारी मिली है।
पीड़िता का कोर्ट में हुआ धारा 164 का बयान:
महिला थाने की पुलिस ने गैंगरेप पीड़िता को विशेष पॉक्सो कोर्ट (पश्चिमी) में पेश किया। वहां से कोर्ट ने पीड़ितों को धारा 164 के बयान के लिए सीजेएम कोर्ट भेजा। सीजेएम के निर्देश पर प्रथम श्रेणी दंडाधिकारी ने पीड़िता का बयान दर्ज किया जिसे प्रथम श्रेणी दडांधिकारी ने सील बंदकर सीजेएम कोर्ट को भेजा। संभावना जतायी जा रही है कि शुक्रवार को बयान का लिफाफा खुल सकता है।
मेडिकल टीम के साथ घटनास्थल की जांच:
महिला थाने की पुलिस टीम थानेदार इंस्पेक्टर नीरु कुमारी के नेतृत्व में सुजावलपुर स्थित जर्जर बंद पेट्रोल पंप के कमरों की जांच की। इसके अलावा सहदुल्लापुर पिपरी जहां पीड़िता को धक्का मारकर गिराने के बाद अपहरण किया गया था, वहां भी जाकर बारिकी से जांच पड़ताल की। दोनों जगह करीब दो घंटे तक टीम ने छानबीन की। पुलिस के साथ मेडिकल टीम भी साथ में थी जो कई प्रकार के सैंपल भी मौके से एकत्र किए। पेट्रोल पंप के समीप झोपड़ी में भी छानबीन की। पूरे जांच पड़ताल के दौरान पीड़िता के पिता पुलिस टीम के साथ थे। पुलिस ने सुजावलपुर स्थित ट्रैक्टर गैरेज के समीप भी कई लोगों से पूछताछ की। उनका नाम और मोबाइल नंबर दर्ज किया। इस दौरान पंचायत के एक जनप्रतिनिधि भी पुलिस के साथ रहे। पुलिस ने बताया कि जनप्रतिनिधि से घटनास्थल व अन्य जानकारी के लिए मदद ली गई।
सकरा गैंगरेप के दोषियों को फांसी देने की आवाज भी उठने लगी है। गुरुवार को बंधुआ मुक्ति मोर्चा की जिला संयोजिका रिंकू देवी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि सकरा में छात्रा को अगवा कर गैंगरेप करने वाले दोषियों को पुलिस कोर्ट की अनुमति से स्पीडी ट्रायल चलाकर फांसी की सजा दिलाए। उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद से सकरा इलाके की छात्राओं में दहशत है। कई ने तो कोचिंग जाना भी छोड़ दिया है।
एक आरोपित से छात्रा की थी जान पहचान:
सकरा थाने के हाजत पर महिला थाने की टीम ने सभी आरोपितों से गहनता से बारी-बारी से पूछताछ की। उनका पक्ष भी जाना। सभी का प्रोफाइल तैयार किया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में एक आरोपित ने बताया कि उसकी छात्रा से जान पहचान है। पुलिस ने कब और कैसी जान पहचान है। कितने दिनों से जानते हो आदि की जानकारी दर्ज की। पूछताछ कर रही टीम ने बताया कि गोपनीय पूछताछ की गई है। आरोपितों का प्रोफाइल तैयार किया गया है। देर शाम तक सकरा थाने पर पैरवीकार भी जमे रहे।
सीडीआर निकालने में जुटी पुलिस :
पुलिस सूत्रों की माने तो पुलिस ने वरीय अधिकारियों के निर्देश पर पीड़िता और आरोपितों के मोबाइल की सीडीआर निकालने की कवायद की जा रही है। इसे लेकर जिला सविलांस सेल को आवेदन दिया है। इससे पुलिस को कई तरह की जानकारी मिलने की संभावना जतायी जा रही है। पुलिस पदाधिकारी ने बताया कि इससे आरोपितों और पीड़िता में पुरानी पहचान थी या नहीं इसका भी खुलासा हो सकेगा।
थाने पर जनप्रतिनिधियों के समर्थकों का हंगामा:
थानेदार और जनप्रतिनिधि की नोकझोंक का आडियो वायरल होने के बाद गुरुवार की सुबह पूर्व और वर्तमान जिला पार्षद सकरा थाना अपने समर्थकों के साथ पहुंचे। बदनाम करने को लेकर थाने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी। समर्थकों ने हंगामा भी किया। थानेदार किसी तहर दोनों प्रतिनिधियों को समझाने का प्रयास भी करते रहे। इसबीच इसकी जानकारी पर सकरा के सीआई शिवनारायण राम थाना पहुंचे। दोनों जनप्रतिनिधियों को समझाकर शांत किया। गुरुवार शाम में इस मामले को लेकर बैठक बुलायी। लेकिन, मुख्यालय में किसी काम में फंसे होने की वजह से शाम की बैठक को शुक्रवार सुबह नौ बजे तक टाल दिया है। इसको लेकर तनाव बना हुआ है।
सकरा गैंगरेप मामले में पुलिस पांच और आरोपितों को गिरफ्तार की है। मेडिकल टीम के साथ पुलिस घटनास्थल की जांच की है। कई साक्ष्य जुटाए हैं। आरोपितों से पूछताछ की जा रही है। कोर्ट में पीड़िता का बयान भी कराया गया है। पुलिस स्पीडी ट्रालय चलाने को लेकर कोर्ट से आग्रह करेगी।
-जयंतकांत, एसएसपी
Source : Hindustan