कहने के लिए बिहार में पूर्ण शराबबंदी है। लेकिन आज भी धड़ल्ले से लोग शराब पी रहे हैं। अगर पुलिस सख्ती से शराबबंदी कानून का पालन करवाती तो शायद एक महिला की जान बच सकती थी। इस महिला की हत्या केवल इसलिए कर दी गई क्योंकि उसने अपने पति को शराब पीने से रोका था। घटना सारण के मांझी स्थित दाउदपुर थाना क्षेत्र के शीतलपुर गांव की है, जहां एक सनकी ने अपनी पत्नी को तकिया से दबाकर मार डाला। इसके बाद उसके शव को प्लास्टिक से ढंक कर कमरे में रख दिया और फरार हो गया।
तेज दुर्गंध आने पर लोगों को हुआ शक
3 दिन बाद यानि कि शनिवार को जब आसपास के लोगों को घर से तेज दुर्गंध आने लगी। शक हुआ तो लोगों ने पुलिस को जानकारी दी। इसके बाद पुलिस वहां पहुंची और कमरे को खोला तो दंग रह गई। कमरे में प्लास्टिक से ढंका महिला का शव पड़ा हुआ था। घर में कोई नहीं था।
आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। शव के पास से खून से सना एक तकिया भी बरामद हुआ है। आरोपी लाल मोहन मांझी को गिरफ्तार कर लिया गया है। मृत महिला की पहचान लाल मोहन मांझी की पत्नी संगीता देवी के रूप में हुई है।
पहली पत्नी की मौत के बाद की थी दूसरी शादी
ग्रामीणों ने बताया कि पहली पत्नी की मौत के बाद लालमोहन मांझी बिहार के बाहर काम करने चला गया था। वहीं उसने संगीत देवी से दूसरी शादी कर ली। लाल मोहन को पहले से ही शराब पीने की लत थी। लेकिन संगीता को उसका शराब पीना अच्छा नहीं लगता था। वह रोक-टोक करती तो उसका पति मारपीट करने लगा था। लॉकडाउन में जब लालमोहन का काम-काज ठप हो गया तो मजबूरी उसे वापस घर लौटना पड़ा।
रोक-टोक करने पर करता था पत्नी की पिटाई
संगीता इस बात से खुश थी कि बिहार में शराबबंदी है और अब उसका पति शराब का सेवन नहीं करेगा। लेकिन यहां लालमोहन को आसानी शराब मिलने लगी। रोक-टोक करने पर वह अपनी पत्नी को पीटने लगता था। 3 दिन पहले भी यही हुआ। सनकी लालमोहन फिर से शराब पीकर आया। लेकिन, इस बार संगीता ने विरोध कर दिया। तभी नशे में धुत्त लालमोहन ने तकिया उसका मुंह दबा दिया। दम घुटने से उसकी मौत हो गई।
Input: Dainik Bhaskar






