भारत और चीन के बीच गलवान घाटी (Galwan Valley) में हुए विवाद में शहीद होने वाले सैनिकों को गणतंत्र दिवस समारोह (Republic Day) के दौरान सम्मानित किया जाएगा. जानकारी मिली है कि 26 जनवरी के मौके पर बिहार बटालियन के कर्नल संतोष बाबू सहित इंडियन आर्मी (Indian Army) के 5 जवान को खास सम्मान मिलेगा. ये वो शहीद जवान हैं जिन्होंने पिछले साल चीनी की अक्रामक पीएलए (Chinese People Liberation) सेना को पूर्वी लद्दाख (Ladakh) में कब्जा करने से रोका था. इन्हें मरणोपरांत वीरता पदक (Gallantry Medals) से सम्मानित किया जाएगा.
2 अफसर और 3 जवान को मिलेगा सम्मान
शहीद जवानों के सम्मान को लेकर अभी तक रक्षा मंत्रालय और इंडियन आर्मी की ओर से कोई बयान नहीं आया है. हालांकि, हिंदुस्तान टाइम्स के हवाले कहा जा रहा है कि इस बार गणतंत्र दिवस समारोह में गलवान में शहीद हुए कम से कम दो अफसर और तीन सैनिकों को वीरता पदक से सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने चीन के खिलाफ लड़ाई लड़ी थी. बताते चलें कि पिछले साल 15 जून की रात भारतीय पक्ष से कर्नल संतोष बाबू अपनी पेट्रोलिंग पार्टी के 20 फौजियों के साथ चीन के कमांडिंग ऑफिसर से बात करने पहुंचे थे. दोनों पक्षों की बातचीत में हुए समझौते के वाबजूद चीनी सैनिकों ने पेट्रोलिंग प्वाइंट 14 के नजदीकी स्थान से हटने से इनकार कर दिया और फिर यहीं से दोनों देशों के बीच हिंसक झड़प होने लगी. इस दौरान भारतीय सैनिकों ने चीन की पीएलए के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की. 7 घंटे चली इस तरह की झड़प 5 दशक से भी पहले हुई थी.
हिंसक झड़प में शहीद हुए थे 19 जवान
पूर्वी लद्दाख सीमा पर चीन के साथ भारतीय सैनिकों की हिंसक झड़प में शहादत देने वाले कर्नल संतोष बाबू के साथ 19 और जवान शहीद हुए थे. इसमें नायब सूबेदार सतनाम सिंह और मनदीप सिंह के साथ बिहार रेजमेंट के 12, पंजाब रेजिमेंट के तीन, 81 एमपीएससी रेजिमेंट का एक और 81 फील्ड रेजिमेंट का एक जवान शामिल है. इनमें से कुछ जवानों के लिए मरणोपरांत वीरता पदक देने की बात कही जा रही है.
इस बार की रिपब्लिक परेड कई मायनों में होगी खास
इस बार गणतंत्र दिवस की परेड में कई बदलाव हुए हैं. कोरोना (Coronavirus) के बीच 26 जनवरी को होने वाली गणतंत्र दिवस परेड (Republic Day Parade) की लंबाई कम की गई है. इस बार परेड विजय चौक से शुरू होकर नेशनल स्टेडियम तक ही जाएगी. अभी तक रिपब्लिक डे परेड राजपथ से शुरू होकर लाल किले (Red Fort) तक जाती थी. पहले परेड की लंबाई 8.2 किलोमीटर होती थी, लेकिन इस बार विजय चौक से नेशनल स्टेडियम तक यह 3.3 किलोमीटर ही लंबी होगी. परेड देखने का मौका भी इस बार कम लोगों को मिलेगा. जहां हर साल रिपब्लिक डे परेड देखने 1 लाख 15 हजार लोग मौजूद रहते थे. वहीं इस बार 25 हजार लोग ही मौजूद रहेंगे. हर बार 32 हजार टिकट बेचे जाते थे, लेकिन इस बार 7500 लोग ही टिकट खरीद पाएंगे
Input: Zee News






