बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने महागठबंधन के नेताओं के साथ शनिवार को होने वाली मानव श्रृंखला पर बैठक की। बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने राज्य सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि बिहार में सरकार का कोई भी कार्यक्रम जमीन पर नहीं उतरा है। यहां केवल कुर्सी बचाने का खेल चल रहा है। ऐसे में जनता को इस सरकार से कोई उम्मीद नहीं है।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर हमला बोलते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में 2006 में ही एपीएमसी कानून को खत्म कर दिया गया था। नीतीश कुमार को सामने आकर बताना चाहिए कि इससे किसानों को लाभ हो रहा है या नहीं। तेजस्वी ने कहा कि बिहार में किसानों की स्थिति दयनीय हो गई है। उन्हें पलायन करना पड़ता है। मजदूर बन के काम करने को मजबूर हैं।
किसान भी अब बेरोजगार हो जाएंगे- तेजस्वी
राजद नेता ने कहा कि नया कृषि कानून देश की लगभग 80 प्रतिशत आबादी को प्रभावित करता है। पहले किसानों के बेटे बेरोजगार थे लेकिन इस कानून के आने के बाद अब किसान भी बेरोजगार हो जाएंगे। तेजस्वी यादव ने कहा कि राजद ही नहीं बल्कि महागठबंधन के सभी दल किसानों के साथ मजबूती के साथ खड़े हैं। कल हमलोग मानव श्रृंखला बनाने जा रहे हैं। हम आगे भी किसानों के हित में अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।
लोकतंत्र की हत्या करने में लगे हैं नीतीश कुमार
तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि नीतीश कुमार लोकतंत्र की हत्या करने में लगे हुए हैं। टीईटी अभ्यर्थियों पर धरना के दौरान पुलिसिया लाठीचार्ज का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि किसी को धरना स्थल पर बैठने नहीं दिया जा रहा है। किसानों और जवानों को लड़ाने का काम हो रहा है। यह सरकार 50 वर्ष से अधिक उम्र वाले कर्मचारियों को जबरन रिटायर करने पर लगी है। हम इन सभी मुद्दों पर सरकार को घेरेंगे और जवाब मांगेंगे।
बता दें कि तीनों कृषि कानूनों को रद्द करने, एमएसपी को कानूनी दर्जा देने और बिहार में एपीएमसी एक्ट लागू करने की मांग को लेकर महागठबंधन ने 30 जनवरी को मानव श्रृंखला बनाने की घोषणा की है।
Source : Hindustan





