आरजेडी में जारी घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा. आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव शुक्रवार को अपने भाई तेजस्वी यादव के सलाहकार संज्य यादव पर मिलने से रोकने का आरोप लगाया है. घर के अंदर दोनों में नोकझोंक की खबर है. तेजप्रताप गुस्से में दिखे और थोड़ी ही देर में बाहर निकले. तेजप्रताप ने कहा, ‘हम तेजस्वी से बात कर रहे हैं तो संजय यादव हमको रोकने का काम कर रहे हैं. ये संजय यादव हमको रोकने वाला कौन होता है. ये मिलने नहीं दे रहे है. बात करने नहीं दे रहे है. बीच में आ ही रहे हैं.
पार्टी में फिलहाल आरजेडी प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह और तेज प्रताप यादव के बीच लड़ाई तेज है. तेज प्रताप यादव ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेस में प्रदेश अध्यक्ष के खिलाफ बगावत का बिगुल फूंकते हुए सीधा आरोप लगाया था कि जगदानंद सिंह मेरे और तेजस्वी के बीच दरार पैदा करना चाहते हैं. अगर पिताजी उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं करते हैं तो वह इस मामले को कोर्ट लेकर जाएंगे.

जगदानंद ने तेज प्रताप को दी नसीहत
जगदानंद ने तेज प्रताप का नाम लिए बिना बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि व्यक्ति अपनी मर्यादा का स्वयं रक्षक होता है, कोई लक्षमण रेखा पार ना करें. उन्होंने आगे कहा, “जो भी बात हो रही वो कोई बंद कमरे में तो नहीं हो रही तो राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद जी को सब कुछ पता है. मैंने ये नहीं कहा WHO IS TEJ PRATAP. मैंने कहा कि पार्टी के संवैधानिक ढांचे में नहीं है वो. वो कोर कमिटी के मेंबर नहीं है.”

क्या है जगदानंद सिंह और तेज प्रताप के बीच झगड़े की वजह
दरअसल, पूरे विवाद की शुरुआत जगदानंद सिंह द्वारा छात्र राजद के प्रदेश अध्यक्ष आकाश यादव को तत्काल प्रभाव से हटाकर नए छात्र नेता गगन कुमार को छात्र राजद के प्रदेश अध्यक्ष घोषित करने से हुई है. आकाश यादव को तेज प्रताप का करीबी माना जाता है. आकाश यादव को हटाने पर तेज प्रताप ने जगदानंद सिंह के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल दिया. यह लड़ाई दिनों दिन और बढ़ती जा रही है.
Source : News18




