पटना। बिहार के प्रशासनिक ढांचे को और मजबूत बनाने की दिशा में राज्य को जल्द ही 25 नए भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी मिलने जा रहे हैं। इनमें 11 अधिकारी संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के जरिए सीधे चयनित होंगे, जबकि 14 अधिकारियों को बिहार प्रशासनिक सेवा (बीपीएससी) से पदोन्नति के आधार पर आईएएस कैडर में शामिल किया जाएगा।

राज्य में फिलहाल आईएएस अधिकारियों की कुल स्वीकृत संख्या 359 है, लेकिन वर्तमान में करीब 280 अधिकारी ही सक्रिय रूप से जिम्मेदारी निभा रहे हैं। वहीं, लगभग 30 अधिकारी केंद्र सरकार में प्रतिनियुक्ति पर तैनात हैं। ऐसे में नए अधिकारियों की नियुक्ति से प्रशासनिक कार्यों का दबाव कम होने की उम्मीद है और सरकारी कामकाज में तेजी आएगी।

सीधी भर्ती से आने वाले 11 अधिकारी 2025 बैच के हैं, जिन्होंने UPSC परीक्षा पास की है और वर्तमान में लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी में प्रशिक्षण ले रहे हैं। ये अधिकारी अप्रैल 2026 के मध्य तक बिहार में अपनी सेवाएं देना शुरू कर देंगे।

इन नए अधिकारियों में बिहार, राजस्थान, झारखंड, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के अभ्यर्थी शामिल हैं। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद राज्य सरकार इन्हें विभिन्न जिलों और विभागों में तैनात करेगी।

दूसरी ओर, पदोन्नति के जरिए आईएएस बनने वाले 14 अधिकारियों की तैनाती मई से जून 2026 के बीच होने की संभावना है। इनकी नियुक्ति से प्रशासनिक कार्यों की गति में सुधार होगा और जमीनी स्तर पर योजनाओं के क्रियान्वयन को मजबूती मिलेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय से अधिकारियों की कमी से जूझ रहे बिहार के लिए यह नियुक्ति काफी अहम साबित होगी। इससे न केवल शासन व्यवस्था बेहतर होगी, बल्कि आम जनता को भी सेवाओं का लाभ तेजी से मिल सकेगा।










