Connect with us
leaderboard image

BIHAR

Exit Poll : NDA करेगा क्लीन स्वीप

Avatar

Published

on

बिहार का एग्जिट पोल सबसे ज्यादा चौंकाने वाला रहा है. यहां एनडीए को पूरी 40 सीटें मिलती दिख रही हैं. आजतक-एक्सिस माई इंडिया के एग्जिट पोल में संकेत मिल जाएगा कि 23 मई की बाजी किसके हाथ लगेगी.

बिहार में चौंकाने वाले एग्जिट पोल आए हैं. यहां की कुल 40 सीटों में से एनडीए को 38 से 40 सीटें मिलती दिख रही हैं. वहीं यूपीए के खाते में 0 से 2 सीटें आ सकती हैं.

BIHAR

चमकी बुखार ने छीन ली इस गांव के 11 मासूमों की जिंदगी, जानें…

Avatar

Published

on

बिहार में चमकी बुखार का कहर जारी है. अबतक बिहार में चमकी बुखार से मरने वालों की संख्या 146 बच्चों की मौत हो चुकी है. केवल बिहार के मुजफ्फरपुर में 119 मासूमों की जिंदगी जा चुकी है. इसके साथ ही लू और गर्मी से भी बिहार में हाल बेहाल है. लू और गर्मी से करीब 100 के आसपास लोगों की जान जा चुकी है.

बिहार में यमराज बनकर दस्तक देनेवाली बीमारी AES का सबसे ज्यादा कहर वैशाली जिले पर टूटा है. जिले के भगवानपुर के हरिवंशपुर गांव में एक ही बस्ती के कुल 11 मासूमों की मौत हो गई जिससे कई लोग खौफजदा हैं. आलम यह है कि लोग गांव छोड़कर पलायन कर रहे हैं और घरों में ताला लटका है.

किलकारी की जगह मातमी सन्नाटा
गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है और बच्चों की किलकारियां कहीं गुम हो गयी है. सभी मृतक बच्चे मांझी और सहनी परिवार के थे. मजदूरी कर जीवन यापन करनेवाला परिवार हमेशा के लिए उजड़ गया और सिस्टम तमाशा देखती रह गयी. आंकड़ों की मानें तो अब तक 250 से ज्यादा बच्चे गांव से पलायन कर गए हैं क्योंकि चमकी का असर लोगों ने देख लिया है.

जब मीडिया हरिवंशपुर गांव पहुंची तो मंजर बदला बदला सा था और अधिकतर घरों में ताले जड़े थे और सन्नाटा छाया था. मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने कई आरोप भी लगाए कि बीमारी के बाद संसाधन मुहैया नहीं हो सका तो जागरूकता अभियान नहीं चलाये गए. गांव में जल संकट भी है जिससे लोग परेशान हैं. हैरानी की बात तो ये है कि सत्ताधारी पार्टी के एक भी नेता, जनप्रतिनिधि और अधिकारी अब तक इस गांव में हाल जानने भी नहीं पहुंचे हैं. आरजेडी कार्यकर्ता पीड़ित बस्ती में सरकार का पुतला फूंकते जरूर नजर आए.

अकेले मुजफ्फरपुर में 119 मौत
बिहार के मुजफ्फरपुर में एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (Acute Encephalitis Syndrome) यानी चमकी बुखार का सबसे ज्यादा कहर है. इस जानलेवा बुखार से आधारिक रूप से यहां मरनेवालों का आंकड़ा बढ़कर 119 हो गया है. अस्पताल में अभी तक 500 से अधिक बच्चे भर्ती हो चुके हैं.

Input : Live Cities

Continue Reading

MUZAFFARPUR

रिसर्च के नाम पर बिहार की शाही लीची बदनाम हो गई

Avatar

Published

on

लीची और बीमारी का रिश्ता लंदन के एक मेडिकल जर्नल ‘द लैन्सेट’ में प्रकाशित शोध के बाद कायम हुआ। कहा गया कि लीची में प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले पदार्थ हाइपोग्लाइसीन-ए और मिथाइल इनसाइक्लोप्रोपीलग्लाईसीन (दोनों रसायन पूरे पके हुए लीची के फल में कम मात्रा में पाए जाते हैं) शरीर में फैटी एसिड मेटाबॉलिज्म बनने में रुकावट पैदा करते हैं। लिहाजा खाली पेट लीची खाने से शरीर में ब्लड शुगर एकाएक लो हो जाता है।

खासकर तब जब रात का खाना न खाने की वजह से शरीर में ब्लड शुगर का लेवल पहले से कम हो और सुबह खाली पेट लीची खा ली जाए तो चमकी बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। सीडीसी अटलांटा, एनआईवी पुणे, इंस्टीच्यूट ऑफ टॉक्सिक रिसर्च सेंटर-लखनऊ ने भी शोध किया है। शोध जारी है। बीमारी का सही कारण पता नहीं है।

9 राज्यों में होती है लीची, बिहार में ही बीमारी क्यों

लीची बिहार ही नहीं, देश के 8 और राज्यों में पैदा होती है, वहां से ऐसी शिकायतें क्यों नहीं? सरकारी  मार्गदर्शिका भी कहती है कि लीची सावधानी के साथ खाई जा सकती है। अत्यधिक सेवन तो जानलेवा हो सकता है। ‘द लैन्सेट’ की बात ही मान ली जाए तो मूल मसला खाली पेट का है, कुपोषण का है।

लक्ष्ण में समानता :  चमकी बुखार और लीची के बीच रिश्ता तथ्यों के अधिक अवधारणा आधारित है। क्योंकि बीमारी वहीं है जहां लीची है। मूल वजह पता नहीं, लीची बदनाम हो गई। मस्तिष्क ज्वर के मरीजों में जो लक्षण पाये जाते हैं वही लक्षण चमकी बुखार से पीड़ित बच्चों में भी पाये गए हैं। चमकी की चपेट में आए मरीजों में वायरस नहीं पाया गया। इनके ब्लड शुगर में कमी पाई गई।

लीची को दोष देना बेकार : 14 साल से इस बीमारी के बीमारों को देख रहा हूंं। 2005 में इस पर शोध किया। यह वस्तुत: अधिक तापमान और आर्द्रता के असर का नतीजा है। कुछ लोग इसकी वजह लीची बताते हैं। यह बेकार की बात है। मौसम, इसकी  वजह है। डॉ.गोपाल शंकर सहनी, अध्यक्ष, शिशु रोग विभाग, एसकेएमसीएच

Input : Dainik Bhaskar

Continue Reading

BIHAR

बच्चों की मौत पर सवाल पूछा तो भड़के सुशील मोदी, कहा-ये प्रेस कांफ्रेंस चमकी बुखार के लिए नहीं

Avatar

Published

on

बिहार में एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) से बच्चों की हो रही मौतों पर सवाल पूछे जाने पर उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी सवालों को टाल गये और कहा कि यह प्रेस वार्ता बैंकर्स समिति से संबंधित सवालों के लिए आयोजित की गयी है, ना कि चमकी बुखार पर। ये घटना बैंकर्स समिति की बैठक के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेन्स की है।

उन्होंने कहा कि ‘मैंने पहले आपको बता दिया था, ये बैंकर समिति की बैठक है। ये प्रेस कॉन्फ्रेन्स सिर्फ इसी विषय के लिए आयोजित की गयी है। बैंक से जुड़े मुद्दे पर अगर आप सवाल पूछेंगे, तो जवाब मिल पायेगा। उन्होंने यहां तक कहा कि प्रेस वार्ता बैंकिंग कमेटी को लेकर बुलायी गयी है। अगर बैंकिंग से जुड़े कोई सवाल ना हो तो प्रेस वार्ता खत्म करते हैं।

जानकारी के मुताबिक, बिहार में एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) से हो रही मौतों से राज्य सरकार की सवालों के घेरे में है। वहीं, बुधवार को राज्य के बैंकर्स समिति की बैठक बुलायी गयी थी। इस बैठक में उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी शामिल हुए।

बैठक के बाद बैंकर्स समिति की बैठक से संबंधित आयोजित प्रेस वार्ता में पत्रकारों के सवाल पूछे जाने पर उप मुख्यमंत्री सवालों से बचते दिखे। पत्रकारों ने बिहार में एईएस से हो रही बच्चों की मौतों को लेकर सवाल पूछे, तो उप मुख्यमंत्री ने कहा कि यह प्रेस वार्ता बैंकर्स समिति से संबंधित सवालों के लिए आयोजित की गयी है, ना कि चमकी बुखार पर।

उन्होंने कहा कि ‘मैंने पहले आपको बता दिया था, ये बैंकर समिति की बैठक है। ये प्रेस कॉन्फ्रेन्स सिर्फ इसी विषय के लिए आयोजित की गयी है। बैंक से जुड़े मुद्दे पर अगर आप सवाल पूछेंगे, तो जवाब मिल पायेगा।’

Input : Dainik Jagran

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
BIHAR3 mins ago

चमकी बुखार ने छीन ली इस गांव के 11 मासूमों की जिंदगी, जानें…

MUZAFFARPUR3 hours ago

रिसर्च के नाम पर बिहार की शाही लीची बदनाम हो गई

BIHAR3 hours ago

बच्चों की मौत पर सवाल पूछा तो भड़के सुशील मोदी, कहा-ये प्रेस कांफ्रेंस चमकी बुखार के लिए नहीं

MUZAFFARPUR5 hours ago

मुजफ्फरपुरः AES को लेकर डीएम ने की सभी अधिकारियों की छुट्टी रद्द, गांवों में कैंप करने का निर्देश

BIHAR5 hours ago

बिहार में 8 हजार सहायक प्रोफेसर की होगी बहाली, जुलाई महीने से शुरू होगी प्रक्रिया

BIHAR5 hours ago

बिहार में चमकी बुखार का कहर, इससे घबराने की जरूरत नहीं, जानिए

BIHAR5 hours ago

तेजस्वी को खोजिये मत, शायद वर्ल्ड कप देखेने गये हैं…रघुवंश बाबू तो यही कह रहे हैं

MUZAFFARPUR22 hours ago

बिहार में AES से 143 की मौत: SC में जनहित याचिका दायर, CM नीतीश व डॉ. हर्षवर्धन पर भी मुकदमा

MUZAFFARPUR22 hours ago

Bigg Boss के घर से शुरू हुई लड़ाई पहुंची थाने, दीपक ठाकुर के मजाक पर भड़कीं जसलीन मथारू ने दर्ज कराई शिकायत

BIHAR1 day ago

बिहार में चमकी बुखार से 112 की मौत, सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को होगी सुनवाई

TRENDING2 weeks ago

पिता बनना चाहते थे IAS लेकिन बन नहीं पाए, फिर बेटी पढ लिखकर IAS बनी और पूरा किया पिता का सपना

RELIGION4 weeks ago

इसी जगह पर हुई थी भगवान शिव और देवी पार्वती की शादी, आज भी मौजूद हैं 6 निशानियां

MUZAFFARPUR2 weeks ago

मुज़फ़्फ़रपुर में फिर दहेजलोभी ससुरालवालों ने ली एक विवाहिता की जान

BIHAR2 weeks ago

बिहार में दरोगा बनने का सपना देख रहे अभ्यर्थियों का सपना होगा पूूरा , 3500 पदों पर भर्ती शुरू

INDIA3 weeks ago

गर्मी से राहत के लिए सरकार उपलब्‍ध कराएगी सस्‍ता AC, बिजली का बिल भी आएगा कम

BIHAR1 week ago

बिहार में माता-पिता की सेवा नहीं करने वालों को होगी जेल

BIHAR3 weeks ago

बिहार में भी बसा है छोटा सा कश्मीर

INDIA2 weeks ago

प्राइवेट नौकरी वालों की हालत मजदूरों से भी बदतर, NSSO के रिपोर्ट में हुआ खुलासा

BIHAR3 weeks ago

PM मोदी सरकार से JDU का किनारा, बिहार में गरमाई सियासत; HAM बोला- हमारे साथ आइए

BIHAR3 weeks ago

बिहार की बेटी बनी जेट फाइटर प्लेन MiG-21 उडा़ने वाली देश की पहली महिला पायलट

Trending

0Shares