अब आप पेड़ों से भी बिजली पैदा कर सकत‍े हैं आैर बिजली बिल के झंझट से मुक्ति पा सकते हैं। अब आप घराें में छोटे खास पेड़ लगाकर बिजली पैदा कर सकते हैं। यह खास पेड़ को सोलर ट्री का नाम दिया है। छोटे सोलर पैनलों को छोटे पेड़-पौधे का आकार दिया गया है। इन्‍‍हें इसे घरों में कहीं भी सुविधाजनक तरीके से लगाकर बिजली प्राप्‍त की जा सकती है।

सोलर ट्री पर सेंसर और सीसीटीवी कैमरा लगाने की व्यवस्था भी

सोलर पैनल का बड़ा आकार छोटे घरों, स्कूलों और कंपनियों में कम जगह के कारण आसानी से फिट नहीं हो पा रहे थे। ऐसे में मिनिस्ट्री ऑफ साइंस के अंतर्गत आने वाले दुर्गापुर स्थित सेंट्रल मैकेनिकल इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीएमईआरआइ) के वैज्ञानिकों ने इसका हल निकाला है। उन्होंने बिजली देने वाले इस पेड़ को विकसित किया है। अपने इस आविष्कार को उन्होंने सोलर ट्री के रूप में विकसित कर एलपीयू में चल रही 106वीं इंडियन साइंस कांग्रेस में भी प्रदर्शित किया है।

एक किलोवाट के सबसे छोटे सोलर ट्री पर लग सकते हैं 5 पांच पैनल

सीएमईआरआइ के पब्लिक रिलेशन एग्जीक्यूटिव पीएन पाठक ने बताया कि सोलर ट्री को एक मीटर स्क्वेयर एरिया में लगाया जा सकता है। इस टेक्नोलॉजी का आविष्कार ही इसलिए किया गया है कि थोड़ी जगह में भी लोग इसका लाभ उठा सकें। एक किलोवाट सोलर ट्री की हाइट लगभग छह फीट की होती है तथा इसमें 4 से 5 पैनल लगाए जा सकते हैं।

सोलर ट्री के बारे में जानकारी देते पीएन पाठक।

इस सोलर ट्री की लंबाई को पैनल की संख्या के हिसाब से भी बढ़ाया जा सकता है। 10 किलोवाट के सबसे बड़े पैनल की हाइट 20 फीट तक होती है जिसमें 40 से लेकर 50 तक पैनल लगाए जा सकते हैं। इस तरह के तीन पैनल लुधियाना में लगाए जा चुके हैं।

सोलर ट्री ऐसे करेगा काम

एक किलोवाट के सोलर ट्री से एक घर तथा पूरे प्राइमरी स्कूल को रोशन कर सकते हैं यानि इससे चार से पांच कमरों की लाइट व पंखे चलाए जा सकते हैं। इसके अलावा इससे किसान अपना पंप भी लगा सकते हैं। इन पैनल को इस तरह से एडजस्ट किया गया है जिससे सन राइज से लेकर सन सेट तक हर एंगल से इस पर किरणें पड़ती रहेंगी और इसका कार्य सूर्य की रोशनी में कभी भी नहीं रुकेगा। इसके अलावा इसमें ऐसा फंक्शन भी है जिसे स्ट्रीट लाइट्स भी जगमगा सकती हैं।

सेंसर और सीसीटीवी लगाने की भी व्यवस्था

सोलर ट्री पर सेंसर लगाकर सूर्य की रोशनी के हिसाब से एडजस्ट करके रात को स्ट्रीट लाइट्स भी जलाई जा सकेंगी। वहीं सोलर ट्री पर सीसीटीवी लगाने की व्यवस्था भी की गई है जिससे कि बिना बिजली का प्रयोग किए एक कमरे से कैमरा हैंडल किए जा सकते हैं। एक किलोवाट का सोलर ट्री लगाने में लगभग एक लाख रुपये तक का खर्चा आएगा।

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री हर्षवर्धन के घर पर लगाया सोलर ट्री

पीएन पाठक ने बताया कि उनका काम केवल मैन्यूफैक्चरिंग का है। इसे बेचना प्राइवेट और सरकारी कंपनियों के हाथ में ही है। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री हर्षवर्धन के घर पर भी सोलर ट्री लगाया गया है। इसकी कार्यप्राणाली को वह खुद जज कर रहे हैं।

सरकार चाहे तो इन्हें प्राइमरी स्कूलों में निशुल्क लगवा सकती है तथा अन्य जगहों पर लगवा कर लाखों रुपये के बिजली खर्च को बचाया जा सकता है। सरकार यदि ऐसे शोध को उत्साहित करे तो लोगों को फायदे के साथ-साथ सरकार को भी काफी फायदा हो सकता है।

Input : Dainik Jagran