टना. बिहार के पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने हाल ही में वीआरएस लिया. इसी के बाद अटकलें शुरू हो गईं कि वो बिहार विधानसभा चुनाव 2020 में लड़ने के लिए तैयार हैं. उन्होंने अटकलों पर बात करते हुए मीडिया चैनल आजतक से कहा कि वो कहीं से भी चुनाव जीत सकते हैं. उन्होंने अपने वीआरएस लेने का कारण चुनाव आयोग को बताया. उनका कहना है कि अगर वो ऐसा नहीं करते तो चुनाव आयोग उन्हें डीजीपी पद से हटा देता.
गुप्तेश्वर पांडेय ने कहा कि मेरे खिलाफ हर रोज अफवाह उड़ रही है. मुझे विवादित बनाया जा रहा है. मेरे खिलाफ विपक्ष, चुनाव आयोग से शिकायत करता और इसके बाद अगर चुनाव आयोग मुझे हटा देता तो मेरी कितनी बेइज्जती होती. मैं अपने करियर के 34 साल तक बेदाग रहा, लेकिन इस तरह का माहौल बना दिया गया कि निर्वाचन आयोग को मुझे हटाना पड़ जाता.
उन्होंने आजतक से बात करते हुए कहा मेरे वीआरएस को अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत के केस से ना जोड़ें. सुप्रीम कोर्ट ने भी कहा कि मैंने जो किया, वो सही किया. जब मेरे उपर नैतिक दबाव आया तो मैंने हंगामा शुरू किया. मेरे हंगामें के बाद ही आईपीएस अधिकारी को मुंबई पुलिस ने छोड़ा. उन्होंने अपने चुनाव लड़ने को लेकर कहा कि मुझे बिहार की जनता बहुत प्यार करती है. मैं कहीं भी चुनाव लड़ना चाहूं तो जा सकता हूं और जीत सकता हूं. चुनाव से मेरे वीआरएस को जोड़ना गलत है. मेरे पास 14 सीटों से चुनाव लड़ने का ऑफर है.
उन्होंने पूछा क्या चुनाव लड़ना अवैध है? उनसे पूछा गया कि क्या वो भविष्य में गृह मंत्री बनेंगे तो उन्होंने कहा कि भविष्य में क्या होगा उन्हें नहीं पता. उन्होंने कहा, मेरे परिवार में सभी अनपढ़ थे. मैं पहला आदमी हूं, जो चार पीढ़ियों के बाद स्कूल गया.
Source : Hindustan






