कोरोना के इलाज में इस बार निजी अस्पताल मनमानी नहीं कर सकेंगे। राज्य सरकार ने निजी अस्पतालों में कोरोना के इलाज की दर तय कर दी है।

सरकार ने सूबे के सभी शहरों को ए, बी और सी श्रेणी में बांटकर दर तय की है। राजधानी पटना ए श्रेणी में है, जबकि मुजफ्फरपुर, भागलपुर, गया, दरभंगा और पूर्णिया बी श्रेणी में हैं। इनके अलावा बाकी सभी जिले सी श्रेणी में हैं। शनिवार को सरकार ने सूबे के सभी सीएस को पत्र जारी कर जानकारी दी है। निजी अस्पतालों में कोरोना मरीज के भर्ती होने से लेकर वेंटिलेटर लगने तक इलाज पर कितना खर्च लिया जाएगा, सभी की दर तय कर दी गई है। इस बार सरकार ने संक्रमितों के लिए आइसोलेशन की अवधि सात दिन तय की है।

मुजफ्फरपुर के सिविल सर्जन डॉ. विनय कुमार शर्मा ने बताया कि जिले में इस बार अबतक एक ही निजी अस्पताल से कोरोना मरीजों का इलाज करने के लिए आवेदन आया है। अस्पताल की जांच के बाद ही अनुमति दी जाएगी। दूसरी लहर में निजी अस्पतालों में मनमानी राशि वसूल की गई। वेंटिलेटर का खर्च प्रतिदिन पांच हजार रुपये वसूला था। आईसीयू का 3500 से चार हजार रुपये वसूले थे।

किस श्रेणी के शहरों में कितना लगेगा कोरोना इलाज का खर्च
पटना
● एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन- 10 हजार
बिना वेंटिलेटर की आईसीयू-15000
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-18 हजार
● नॉन एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन-8 हजार
बिना वेंटिलेटर के आईसीयू-13 हजार
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-15 हजार
मुजफ्फरपुर, दरभंगा, भागलपुर, गया, पूर्णिया
● एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन- 8 हजार
बिना वेंटिलेटर की आईसीयू-12000
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-14400
● नॉन एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन-6400
बिना वेंटिलेटर की आईसीयू-10400
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-12 हजार
बाकी जिलों में कितना लगेगा खर्च
● एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन- 6 हजार
बिना वेंटिलेटर की आईसीयू-9000
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-10800
● नॉन एनएबीएच एक्रेडेटेड अस्पतालों में आइसोलेशन बेड, सपोर्ट केयर और ऑक्सीजन-4800
बिना वेंटिलेटर की आईसीयू-7800
वेंटिलेटर के साथ आईसीयू-9 हजार
आयुष्मान कार्ड से भी होगा कोरोना का इलाज
आयुष्मान भारत योजना से निबंधित जिले के 10 निजी अस्पतालों में भी कोरोना संक्रमितों का इलाज किया जाएगा। आयुष्मान भारत योजना के जिला समन्वयक विद्या सागर ने बताया कि बिना वेंटिलेटर की आईसीयू के लिए 7800 रुपये प्रति मरीज अस्पतालों को दिए जाएंगे। वेंटिलेटर के साथ आईसीयू का खर्च प्रति मरीज नौ हजार रुपये दिए जाएंगे। जनरल वार्ड का खर्च आठ सौ रुपये तय हुआ है। कोविड जांच का खर्च 600 रुपये तय किया गया है।
Source : Hindustan





