राजस्थान (Rajasthan) के झालावाड़ जिले (Jhalawar) के रटलाई इलाके में देवनारायण मंदिर (Devnarayan Temple) का निर्माण होना है. निर्माण से पहले मंदिर की आधारशिला रखने के लिए नींव भराई का कार्यक्रम किया गया जो सुर्खियों में आ गया. मंदिर की नींव भराई में करीब 11,000 लीटर दूध, दही और देसी घी को नींव में डाला गया.
कार्यक्रम में शामिल होने आए लोग अपने घरों से दूध, दही और देसी घी को डब्बों में भरकर लाए थे. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिख रहा है कि न सिर्फ हाथ से बल्कि पंप सेट के सहारे दूध को नींव में प्रवाहित किया जा रहा है.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मंदिर निर्माण समिति के प्रवक्ता रामलाल गुर्जर ने बताया कि देवनारायण मंदिर के स्थापना समारोह के लिए हमें गुर्जर समुदाय के सदस्यों से 11,000 लीटर दूध, देसी घी और दही भेंट में मिला. उनके मुताबिक, 11000 लीटर में से 1500 लीटर दही और 1 क्विंटल देसी घी था, जबकि बाकी दूध था और इसकी कुल लागत लगभग 1.50 लाख रुपये थी.
कहा कि इसके लिए गुर्जर समुदाय के सदस्यों से अपील की गई थी. बताया कि दूध डालना गुर्जर समुदाय की अनिवार्य परंपरा नहीं है लेकिन यह अतीत में भी कई बार किया गया है. बता दें कि एक करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह मंदिर आनंद धाम की तर्ज दो साल में बनकर तैयार हो जाएगा. इस मंदिर को लेकर क्षेत्र में रटलाई इलाके के सांवलपुरा में भारी उत्साह है.
Input: Prabhat Khabar





