बिहार (Bihar) में राजनीतिक सुगबुगाहटों का दौर थमता दिख नहीं रहा. कुछ दिन पहले लोजपा नेता के सीएम नीतीश कुमार से मुलाकात और उसके बाद वामपंथी नेता कन्हैया कुमार के प्रदेश के मंत्री से मिलने की घटना अभी चर्चा में बनी हुई है ही, इस बीच बीजेपी सांसद सुशील मोदी (BJP MP Sushil Modi) के एक बयान से सियासत फिर गर्माती नजर आ रही है. पटना (Patna) के अखबारों में आज प्रदेश के पूर्व डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी का एक बयान प्रकाशित हुआ, जो इस सियासी हलचल का कारण बन गया है.

सुशील कुमार मोदी ने बिहार की प्रमुख विपक्षी पार्टी आरजेडी के नेताओं- तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव को निशाना बनाते हुए यह बयान दिया है. सुशील मोदी ने अपने बयान में कहा है कि आरजेडी में दोनों राजकुमारों की वजह से कभी भी भूकंप आ सकता है. जाहिर है पूर्व डिप्टी सीएम का आशय राजद में विधायकों की टूट को लेकर दिया गया है. इसी बयान के आधार पर अब जेडीयू और राजद के नेताओं ने एक-दूसरे पर निशाना साधा है.

करारा जवाब दिया गया है
जेडीयू के प्रवक्ता अजय आलोक ने न्यूज 18 के साथ बातचीत में आरजेडी के अस्तित्व पर सवाल उठाते हुए लालू यादव के ऊपर भी परोक्ष बयान दिया है. आलोक ने कहा, ‘ये पार्टी ही असंवैधानिक है. इस पार्टी का गठन कब हुआ था, लालू प्रसाद यादव जब जेल जा रहे थे और राबड़ी देवी मुख्यमंत्री बनी…, और भूकम्प तो आना है क्योंकि परिवार के लोगों का एक दूसरे से बन नहीं रहा है.’ आरजेडी की तरफ से इस पर करारा जवाब दिया गया है.

यह जानना दिलचस्प होगा
जदयू नेता व प्रवक्ता अजय आलोक के बयान के जवाब में राजद की तरफ से भाई वीरेंद्र ने प्रतिक्रिया दी है. आरजेडी नेता ने सुशील मोदी के बयान को लेकर कहा, ‘सुशील मोदी की बात का कोई वैल्यू नहीं है. उनकी ना कोई सुनता है और ना ही पढ़ता है. असल में एनडीए में भूकंप आने वाला है, तो ये महागठबंधन की बात कर रहे हैं.’ बहरहाल नेताओं की बयानबाजी के बीच बिहार की सियासत में मचे इस उथल-पुथल का परिणाम क्या होगा, यह जानना दिलचस्प होगा.
Source : News18







