स्मैक की लत में फंसे शातिरों द्वारा चोरी, लूट व छिनतई की वारदात को अंजाम दिया जा रहा है। इतना ही नही बैंक लूट जैसी बड़ी घटना को भी स्मैक के लती अंजाम दे चुके हैं। पुलिस गिरफ्त में आए शातिरों के पूछताछ में ये बातें सामने आ चुकी हैं, लेकिन वरीय पुलिस अधिकारियों के द्वारा स्मैक के धंधेबाजों पर नकेल कसने के लिए विशेष अभियान नहीं चलाया जा रहा है।
हालात यह है कि हर दिन शहर के विभिन्न इलाकों में ताले तोड़े जा रहे हैं। राह चलते लोगों के मोबाइल झपट कर बदमाश भाग निकलते हैं। इतना ही नहीं करीब दो साल पूर्व भिखनपुरा व गोबरसही में हुई बैंक लूट की वारदात में भी स्मैक के गिरफ्त में फंसे शातिरों द्वारा ही अंजाम दिया गया था।

हाल ही में स्मैक के साथ दबोचे गए कई नशेड़ियों से पूछताछ में उक्त बातों की जानकारी मिली है। इसके पूर्व पुलिस गिरफ्त में आए बैंक लुटेरों से पूछताछ में भी यह बातें सामने आ चुकी हैं, जिसमें पता चला था कि स्मैक की लत की खातिर उन्हें अपराध करना पड़ता है।
पूर्व में कुछ दिनों तक स्मैक के धंधेबाजों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया गया था। लेकिन उन पुलिस पदाधिकारियों के तबादले के बीच अभियान बंद हो गया। इसके कारण इन दिनों फिर से स्मैक के धंधेबाज पांव पसार रहे हैं। हालांकि बीच-बीच में विभिन्न थानों की पुलिस द्वारा छोटे धंधेबाजों को चंद पुड़िया स्मैक के साथ पकड़कर वाहवाही बटोरी जा रही है। लेकिन मुख्य धंधेबाजों पर पुलिस की तरफ से हाथ नहीं डाली जा रही है।

बताया जाता है कि स्मैक के मुख्य धंधेबाजों का ठिकाना चतुभरुज स्थान व तीनकोठिया इलाके में है। सुबह से लेकर शाम तक माफिया के ठिकाने पर स्मैक धंधेबाजों की भीड़ लगी रहती है। लेकिन पुलिस की तरफ से कार्रवाई नदारद है।
- करीब दो साल पूर्व भिखनपुरा व गोबरसही में बैंक लूट की वारदात को भी स्मैकियों ने दिया था अंजाम
- शहर के चतुभरुज स्थान इलाके में स्मैक का हो रहा धंधा
‘गैरकानूनी कार्य में शामिल लोगों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए सभी थानाध्यक्षों को निर्देश दिया जा चुका है।स्मैक धंधेबाजों के विरुद्ध भी लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसमें और तेजी लाई जाएगी।’
-रामनरेश पासवान, नगर डीएसपी
Input : Dainik Jagran | Sanjeev Kumar



