एक तरफ बिहार सरकार कोरोना से लड़ाई के उपायों पर दिन-रात अमल के दावे कर रही है तो दूसरी तरफ अव्यवस्थाओं की वजह से इस काम में बार-बार व्यवधान पड़ रहा है। अव्यवस्था की ताजा तस्वीरें दरभंगा मेडिकल कालेज से सामने आई हैं जहां पुरानी बिल्डिंग की खस्ताहालत के चलते कोविड वार्ड शुरू नहीं किया जा सका।
#WATCH | Bihar: Darbhanga Medical College & Hospital premises waterlogged & polluted; Administration undertake development work
"Didn't set up COVID ward in old building due to construction & technical issues. 140-bed COVID wing is functional in new building,"says DDC, Darbhanga pic.twitter.com/2wPAuRXpvY
— ANI (@ANI) May 22, 2021
पिछले कुछ दिनों से रुक-रुक कर हो रही बारिश की वजह से दरभंगा मेडिकल कालेज और हॉस्पिटल परिसर में पानी जमा हो गया है। इससे वहां प्रदूषण फैलने का अंदेशा भी है। परिसर में प्रशासन ने मरम्मत का काम शुरू किया है। इस बीच मेडिकल कालेज के नए भवन में 140 बेड का कोविड वार्ड शुरू किया गया है। यहां मरीजों का इलाज चल रहा है।

दरभंगा के डीडीसी ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि निर्माण और तकनीकी कारणों से पुराने भवन में कोविड वार्ड शुरू नहीं किया जा सका। नए भवन में कोविड मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। दरभंगा मेडिकल कालेज को मिथिलांचल और कोसी की लाइफलाइन कहा जाता है।

यह इस इलाके का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल है लेकिन इस समय परिसर में जगह-जगह जलजमाव, गंदगी का साम्राज्य और सूअर घूमते नज़र आ रहे हैं। यहां दरभंगा के अलावा आसपास के छह-सात जिलों के मरीज इलाज करवाने पहुंचते हैं। कोरोना संक्रमितों का भी इलाज चल रहा है कि लेकिन हालात देखकर लगता है कि यहां स्वस्थ आदमी भी आ जाए तो बीमार पड़ जाएगा।
Input: live Hindustan






