राष्ट्रीय जनता दल सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे व हसनपुर से विधायक तेज प्रताप यादव को लेकर यह बड़ी खबर है। उसके विधायक निर्वाचित किए जाने को चुनौती देने वाली चुनाव याचिका पर पटना हाई कोर्ट सुनवाई कर रही है। गुरुवार को जस्टिस वीरेन्द्र कुमार ने तेज प्रताप से पराजित उम्मीदवार विजय कुमार यादव की याचिका पर सुनवाई करते हुए दोनों पक्षों को अगली सुनवाई में इश्यू फ्रेम कर कोर्ट में पेश करने का आदेश दिया।

चुनावी हलफनामा में संपत्ति छिपाने का है आरोप
याचिकाकर्ता विजय कुमार यादव के अधिवक्ता जगन्नाथ सिंह ने हाईकोर्ट को बताया कि तेज प्रताप यादव के निर्वाचन को इस आधार पर चुनौती दी गई है कि उन्होंने अपने चुनावी हलफनामा में जानबूझ कर अपनी संपत्ति का पूरा विवरण दर्ज नहीं किया है।
हसनपुर से विधानसभा चुनाव जीते हैं तेज प्रताप
तेज प्रताप यादव ने बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के लिए हसनपुर विधानसभा सीट से 16 अक्टूबर, 2020 को नामांकन किया था। इसके बाद नामांकन पत्र की जांच 17 अक्टूबर, 2020 को की गई। आगे तीन नवंबर, 2020 को विधानसभा चुनाव का मतदान हुआ, जिसका परिणाम 10 नवंबर, 2020 को घोषित किया गया। तेज प्रताप यादव हसनपुर विधानसभा चुनाव क्षेत्र से जीत गए।

जेडीयू उम्मीदवार को 14 हजार मतों से हराया
विधान सभा चुनाव में तेज प्रताप यादव ने समस्तीपुर के हसनपुर सीट पर अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी जनता दल यूनाइटेड (JDU) के प्रत्याशी राजकुमार राय को करीब 14 हजार मतों से हरा दिया था। तेज प्रताप यादव को 62337 तो जेडीयू उम्मीदवार राजकुमार राय को 48405 मत मिले थे। लोक जनशक्ति पार्टी के मनीष कुमार को 7785 मत मिले थे। हसनपुर के चुनाव मैदान में विजय कुमार यादव भी थे।
पराजित उम्मीदवार ने दर्ज कर दिया मुकदमा
तेज प्रताप यादव की जीत को उनसे पराजित उम्मीदवार विजय कुमार यादव ने पटना हाइकोर्ट में चुनौती दी है। इस मामले में सुनवाई जारी है। अब इस मामले पर अगली सुनवाई दो सितंबर, 2021 को होगी।
Source : Dainik Jagran




