कोरोना की दूसरी लहर कहर बरपाने के बाद अब थोड़ी शांत हुई है। ऐसे में पंचायत चुनाव की सुगबुगाहट भी होने लगी है। लेकिन, पंचायत चुनाव में अखाड़े में उतरने वाले हमारे मुखिया जी ही अभी पूरी तरह से वैक्सीनेटेड नहीं हुए हैं। इन मुखिया जी से प्रशासन उनकी पंचायत के लाेगों को वैक्सीनेशन के प्रति जागरूक करने का आग्रह भी कर रहा है, लेकिन जोर लगाने के बाद भी अबतक खुद 68 फीसदी मुखिया ने ही वैक्सीन लगवाई है। 32 फीसदी ने अबतक वैक्सीन नहीं लगवाई है। वैक्सीन नहीं लगवाने का भी गजब तर्क है। कोई कहता है कि उन्हें शुगर है, तो कोई कहता है कि इसका रिएक्शन ठीक नहीं।

ऐसे में बिना वैक्सीनेशन के अगर वे पंचायत चुनाव के अखाड़े में उतरते हैं, ताे खुद भी संक्रमण का खतरा रहेगा और साथ में दूसरे को संक्रमित कर इसकी रफ्तार भी बढ़ा सकते हैं। भास्कर ने राज्य के सभी 38 जिलों में 200 से अधिक ग्रामीण रिपोर्टरों को राज्य की 8406 ग्रामीण पंचायतों में से 7910 में भेजकर यह जानकारी जुटाई। इसमें से 5416 ने वैक्सीन लेने की बात कही, जबकि 2494 ने कहा कि अभी वैक्सीन नहीं ली है।

लखीसराय में 65% और जमुई व बांका में 53% ने नहीं ली कोरोना वैक्सीन
शिवहर और गोपालगंज में 100 फीसदी मुखिया ने टीका ले लिया है। शिवहर में 53 में से सभी मुखिया और गोपालगंज में भी 234 में से सभी मुखिया ने वैक्सीन ले ली है। लेकिन, लखीयराय, जमुई और बांका की स्थिति बहुत खराब है। लखीसराय में 65 फीसदी तो जमुई और बांका में 53 फीसदी ने वैक्सीन नहीं ली है। लखीसराय में 80 पंचायतों में से मात्र 28 मुखिया ने, जमुई में 153 पंचायतों में मात्र 71 ने और बांका में 185 पंचायतों में से मात्र 86 मुखिया ने ही टीका लिया है।

भागलपुर और वैशाली में 50% तो पटना और मुजफ्फरपुर में 39 फीसदी ने नहीं लिया टीका
पटना, वैशाली, भागलपुर और मुजफ्फरपुर जैसे प्रमुख शहरों की स्थिति भी काफी अच्छी नहीं है। भागलपुर में तो लगभग आधा (49.5%) मुखिया ने अभी तक वैक्सीन नहीं ली है। यहां 242 पंचायतों में से 122 के मुखिया ने वैक्सीन ली है, जबकि 120 ने नहीं ली है। पटना और मुजफ्फरपुर में 39 फीसदी ने वैक्सीन नहीं ली है। मुजफ्फरपुर में 373 में से 145 ने और पटना में 304 में से 118 ने वैक्सीन नहीं ली है।पटना में लगभग एक दर्जन पंचायतों में मुखिया का पद रिक्त है। वैशाली में तो 53 फीसदी मुखिया ने अबतक वैक्सीन नहीं ली है। यहां 288 में से 135 पंचायतों के मुखिया ने वैक्सीन ली है और 153 ने वैक्सीन नहीं ली है।
मुखिया पति चला रहे पंचायत, कहा-हमने वैक्सीन ले लीराज्य की पंचायतों में 50 फीसदी महिलाएं मुखिया हैं। लेकिन, इनमें से अधिकांश के पति, ससुर, देवर आदि पंचायतें चला रहे हैं। लोग उन्हें ही मुखिया जी के नाम से पुकारते हैं। पूछने पर कहते हैं कि हमारी पत्नी-बहू-भाभी मुखिया हैं, लेकिन वह घर में ही रहती हैं। हम ही पंचायत का सारा काम करते हैं। हम वैक्सीन ले लिए हैं, इसलिए कोई परेशानी नहीं।
Input: dainik bhaskar





