चारा घोटाला के मामले में राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें अब बढ़ने वाली हैं। चारा घोटाला से संबंधित करीब आधार दर्जन मामले की सुनवाई के लिए स्पेशल जज बनाए गए हैं। लिहाजा अब और तेजी से मामले की सुनवाई होगी। ऐसे में लालू प्रसाद यादव की परेशानी बढ़ सकती है।

पटना हाईकोर्ट ने सिविल कोर्ट पटना में लंबित बहुचर्चित चारा घोटाले से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए पटना के अपर जिला जज 12 सह सीबीआई के विशेष जज प्रजेश कुमार को अधिकृत किया है। पटना हाई कोर्ट से जारी पत्र के अनुसार जज प्रजेश कुमार सिर्फ चारा घोटाले से जुड़े मामलों की सुनवाई करेंगे।

पत्र में यह भी कहा गया है कि उनके न्यायालय में लंबित अन्य मुकदमों को किसी दूसरे न्यायालय में स्थानांतरित कर दिया जाए। पटना हाई कोर्ट से जारी पत्र में सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए यह व्यवस्था लागू करने का निर्णय लेने की बात कही गई है।

बांका उपकोषागार मामले की पटना में हो रही सुनवाई
गौरतलब है कि पटना सिविल कोर्ट में वर्तमान में चारा घोटाला से जुड़े लगभग 6 मामले लंबित हैं। इन मामलों में एक मामले में राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष सह पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव भी अभियुक्त हैं। मामला भागलपुर जिले के बांका उप कोषागार से संबंधित है।
इस मामले में लालू प्रसाद के अलावा कई पूर्व मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक, सांसद और प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ पदाधिकारी आरोपित हैं। 1996 में दर्ज मामले में सीबीआई अदालत ने 2012 में लालू प्रसाद यादव, जगन्नाथ मिश्रा समेत 31 लोगों के खिलाफ फर्जी बिलों के आधार पर बांका और भागलपुर कोषागार से 46 लाख की अवैध निकासी में आरोप तय किया था।



