बिहार के मंत्री जनक राम ने मांग की है कि मस्जिदों में लाउडस्पीकर से होनेवाले अजान पर रोक लगनी चाहिए. बिहार सरकार में बीजेपी कोटे से मंत्री जनक ने कहा कि बाबा साहब अंबेडकर के संविधान का हवाला देकर हिंदुओं के पर्व के समय डीजे और तेज गति से वाहन चलाने पर रोक लगती है. उसी संविधान के हवाले से मस्जिदों द्वारा तेज आवाज में बजने वाले लाउडस्पीकर पर भी रोक लगनी चाहिए.

गुरुवार को मुजफ्फरपुर पहुंचे बिहार सरकार के मंत्री जनक राम ने कहा कि मस्जिदों के आसपास अन्य समुदायों के परिवार भी रहते हैं. इसमें भारी संख्या में छात्र-छात्राएं भी होती हैं. मस्जिदों में सुबह-सुबह तेज आवाज से उनको बाधाएं उत्पन्न होती है. मैं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सरकार में मंत्री हूं और मुझे इस संबंध में लगातार शिकायत मिलती रहती है.
जनक राम ने कहा कि एक ओर जब आप बाबा साहब के संविधान का हवाला देकर एक वर्ग के त्योहार में लाउडस्पीकर पर रोक लगा देते हैं तो मस्जिदों में भी लाउडस्पीकर पर रोक लगनी चाहिए. मस्जिदों में लगे तेज आवाज वाले लाउडस्पीकर भी बंद होना चाहिए.

जनक राम से जब पूछा गया कि क्या आप इस मसले को विधानसभा में उठाएंगे? जवाब में जनक राम ने कहा कि हमारा काम सवालों का जवाब देना है. यदि कोई सदस्य यह सवाल उठाएंगे तो हम जवाब जरूर देंगे.

आज ही अनुराधा पौडवाल ने भी उठाया है सवाल
बता दें कि आज ही एक इंटरव्यू में अनुराधा पौडवाल ने कहा- मैंने देश विदेश में कई जगहों पर घूमी हूं. लेकिन मैंने ऐसा कहीं और होते हुए नहीं देखा. जैसा कि यहां पर होता है. अनुराधा ने साफ कहा कि वो किसी धर्म के खिलाफ नहीं हैं. लेकिन भारत में इसे जबरदस्ती का बढ़ावा मिलता है. मस्जिदों में लाउडस्पीकर पर अजान चलाई जाती है. जिसकी वजह से बाकी लोग भी स्पीकर चलाते हैं. मिडिल ईस्ट में तो लाउडस्पीकर पर अजान बैन है. जब मुस्लिम मुल्कों में अजान लाउडस्पीकर पर नहीं की जाती तो फिर भारत में क्यों ऐसा होता है?

राज ठाकरे ने भी दी थी चेतावनी
इससे पहले महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के अध्यक्ष राज ठाकरे ने भी शनिवार को राज्य सरकार को मस्जिदों में बजने वाले लाउड स्पीकर को लेकर चेतावनी दी है. मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने शनिवार को मांग की कि मस्जिदों के लाउडस्पीकर बंद किए जाने चाहिए. अगर जल्द ही ऐसा नहीं होता है तो वह तेज आवाज में हनुमान चालीसा बजवाएंगे.
Source : Aaj Tak







